लघुपंथन किसे कहते हैं? किसी परिपथ में प्रवाहित होने वाली धारा का परिमाण निश्चित रहता है जब निश्चित शक्ति से सीमा बढ़ जाती है तो इसे अतिभारण कहते हैं। लघुपंथन किसे कहते हैं? जब कभी विद्युतमय और उदासीन तार आपस में सट जाते हैं तो प्रतिरोध का मान शून्य हो जाता है, और अत्यधिक धारा प्रवाहित होने लगता है इसे ही लघुपंथन कहते हैं।
Author: Abrar
बरबरी कौन था? बरबरी घटोत्कच का पुत्र था। और घटोत्कच महाबली भीम का पुत्र था भीम के जैसे ही घटोत्कच अत्यंत महाबली थे।
हाइड्रोकार्बन किसे कहते हैं? हाइड्रोजन और कार्बन से मिलकर बने योग्य को को हाइड्रोकार्बन कहते हैं। READ ALSO- लार का PH मान कितना होता है? खून का PH मान कितना होता है? हाइड्रोजनीकरण अभिक्रिया क्या है? उदासिनीकरन अभिक्रिया क्या है? उभयधर्मी ऑक्सइड किसे कहते है?
आज तक कर्ण के जैसा कोई दानवीर पैदा नही हुआ। आज भी कर्ण की दान की प्रशंसा योग्य है। महाभारत के दानवीर कर्ण के नाम से तो आप परिचित ही होंगे। कर्ण किसका पुत्र था? कर्ण महाभारत का एक कुशल धनुर्धारी योद्धा था। कर्ण को संसार सुत पुत्र से नाम से जानता है, परंतु कर्ण का जन्म माता कुंती के गर्भ से हुआ था और माता कुंती ने सूर्यपुत्र कर्ण को जन्म के उपरांत त्याग दी क्योंकि वह उस समय विवाहित नही थी और उन्हेें लोक लाज का डर था। आशा है कि आप को यह पोस्ट पसंद आया होगा और…
महाभारत के युद्ध में कर्ण एक कुशल तथा योद्धा था कर्ण एक सूत पुत्र होने के कारण उसके गुरु एक ब्राह्मण थे जो केवल ब्राह्मणों को ही शिक्षा देते थे। कर्ण के गुरु का नाम क्या था? (karan ka guru kaun tha) कर्ण के गुरु का नाम परशुराम था। यह केवल ब्राह्मणों को आत्मरक्षा के लिए शिक्षा देते थे परंतु जब उन्हें पता चला कि कर्ण ब्राह्मण नहीं है तब परशुुुराम ने कर्ण को शाॅप दिया के तुम मेरे द्वारा सिखाए गए दिव्यास्त्रओं का उपयोग नहीं कर पाओगे, इसी कारण जब कर्ण अपनी अंतिम युुद्ध कर रहा था और जब उसे…
क्या आप जानते है कि भगवान श्री कृष्ण की मृत्यु कैसे हुई? नही तो आप इस पोस्ट में जान जाऐगे। श्री कृष्ण की मृत्यु कैसे हुई? भगवान श्री कृष्ण की मृत्यु एक शिकारी के द्वारा हुई। भगवान श्री कृष्ण ने अपनी मृत्यु खुद से निश्चित किया था, क्योंकि जब भगवान विष्णु ने राम अवतार लिया तब भगवान राम ने बालि का वध पेड़ के पिछे छिपकर किया, इसलिए बालि की पत्नी ने राम को शाॅप दिया कि जिस प्रकार तुमने मेरे पति की हत्या जिस प्रकार की उसी प्रकार आपका भी अंत होगा और इस श्राप को पुर्ण करने के लिए कृष्ण…
कुंती महाराज पांडु की पत्नी थी। कुंती के विवाह के पश्चात 3 पुत्र हुए जिन्हें सारा संसार पांडव के नाम से जानता है, परंतु कुंती के विवाह के पूर्व सूर्य देव की आशीर्वाद से कर्ण नामक पुत्र भी हुआ जिसे संसार सूत पुत्र के नाम से जानता है। कुन्ती के कितने पुत्र थे? कुन्ती के चार पुत्र थे और माता मादरी के दो पुत्र थे। कुन्ती के पुत्रों के नाम कुन्ती के चार पुत्रों के नाम कर्ण युधिष्ठिर भीम अर्जुन माता मादरी के पुत्रों का नाम नकुल सहदेव Read Also- अभिमन्यु किसका पुत्र था? युधिष्ठिर किसके पुत्र थे? काल किसका पुत्र था? वेदव्यास…
महाभारत का नाम तो लगभग सभी हिन्दूओं ने तो सुना ही होगा, पर क्या आपको यह पता है कि mahabharat ke lekhak कौन है? महाभारत के लेखक कौन है? महाभारत के लेखक वेदव्यास को कहा जाता है। महाभारत में महा-भयंकर युद्ध हुआ था। इसमें भारतवर्ष के सभी महान योद्धा भाग्य लिए। महाभारत कौरव और पांडवों के बीच लड़ा गया जिन्हें कौरव की मृत्यु हो गई और और उनकी मृत्यु के साथ उनकी हार भी हुई और पांंडव की विजय हुुई।
महाभारत एक महाकाव्य है महाभारत एक महायुद्ध भी है महाभारत में पांडव और कौरव दो पक्षों ने युद्ध किया पांडव इस युद्ध में विजय हुए। पांडवों को वनवास इतने वर्षों के लिए मिला? पांडवों को वनवास 12 वर्ष के लिए मिला तथा साथ में 1 वर्ष का अज्ञातवास से मिला अज्ञातवास में प्रांतों को कौरवों से छिपकर तथा अपनी पहचान छुपा कर रहना था तथा अज्ञातवास बंद होने पर उन्हें फिर से 12 वर्ष वनवास तथा 1 वर्ष का अज्ञातवास भोगना पड़ता।
रावण राक्षस राज था। रावण अत्यंत महाबली था, तथा लंका का राजा था। इसके अलावा रावण एक महान पंडित भी था। परंतु रावण को अपनी सत्ता तथा ताकत का अभिमान हो गया जिसके कारण उसका तथा उसके पूरे राज्य का नाश हुआ। रावण के कितने भाई थे? रावण के सगे भाई दो थे, कुंभकरण और विभीषण। इनके अलावा भी उनका एक सौतेला भाई था जिसका नाम कुबेर था। रावण के अपने बड़े भाई से लंका को छीन कर लंका का राजा स्वयं बना।

